
नया वर्ष है , नव प्रभात है
नयी उम्मीदे , नयी आश है
कुछ सपने , कुछ खवाब नए है
नयी है मंजिल , राह नयी है
हम सब को मिलकर चलना है
स्वपन सुनहरे सच करना है ।
नयी उम्मीदे , नयी आश है
कुछ सपने , कुछ खवाब नए है
नयी है मंजिल , राह नयी है
हम सब को मिलकर चलना है
स्वपन सुनहरे सच करना है ।

कुछ बाधायें सरल न होगी
अधियारों में चलाना होगा
गम भी हमको सहना होगा
गीत नए फिर भी गढ़ना है
सवपन सुनहरे सच करना है ।